spot_img
22.6 C
Varanasi
Tuesday, November 3, 2026
spot_img
spot_img

Chandauli news- छह सूत्रीय मांगों को लेकर अधिवक्ताओं ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

spot_img
जरुर पढ़े
रजनी कांत पाण्डेय
रजनी कांत पाण्डेय
मैं रजनीकांत पाण्डेय पिछले कई वर्षो से पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ा हूँ इस दौरान कई राष्ट्रिय हिंदी दैनिक समाचार पत्रों में कार्य करने के उपरान्त ख़बरों के डिजिटल माध्यम को चुना है,मेरा ख़ास उद्देश्य जन सरोकार की खबरों को प्रमुखता से उठाना है एवं न्याय दिलाना है जिसमे आपका सहयोग प्रार्थनीय है.

परिवर्तन टूडे न्यूज, चंदौली
सकलडीहा। मंगलवार को सकलडीहा बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों एवं अधिवक्ताओं ने छह सूत्रीय मांगों को लेकर उपजिलाधिकारी सकलडीहा आकांक्षा सिंह को ज्ञापन सौंपा। अधिवक्ताओं ने तहसील कार्यालय एवं न्यायालयों में लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण कराने तथा राजस्व संबंधी समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय तक समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो 12 नवंबर से आंदोलन शुरू किया जाएगा।

लंबित मामलों में लापरवाही का लगाया आरोप

बार एसोसिएशन की ओर से दिए गए ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि धारा 38(2) के अंतर्गत आने वाले मामलों में पत्रावलियों पर रिपोर्ट प्राप्त होने के बावजूद आदेश पारित नहीं किए जा रहे हैं। इसके अलावा जनसुनवाई पोर्टल, तहसील दिवस और सामान्य प्रार्थना पत्रों पर रिपोर्ट आने के बाद भी प्रभावी कार्रवाई नहीं होने तथा गलत रिपोर्ट प्रस्तुत किए जाने की शिकायत की गई है।

अधिवक्ताओं ने खतौनी में किए गए कथित अवैध संशोधनों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि इस संबंध में प्रार्थना पत्र देने के बाद भी कार्रवाई नहीं की जाती। उच्चाधिकारियों को भेजे गए प्रार्थना पत्रों का निस्तारण भी समय से नहीं होने की बात कही गई है।

न्यायालयों की पत्रावलियों पर भी उठाए सवाल

ज्ञापन में न्यायालयों एवं संबंधित कार्यालयों में धारा 38(2) और नक्शा संशोधन से जुड़े मामलों का उल्लेख किया गया है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि इन प्रकरणों में आवश्यक कार्रवाई करने के बजाय पत्रावलियों को गायब कर दिया जाता है, जिससे वादकारियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है और मामलों के निस्तारण में अनावश्यक विलंब होता है।

सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे का मामला उठाया

अधिवक्ताओं ने सरकारी भूमियों पर अवैध कब्जे का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उनका कहना है कि सरकारी संपत्तियों एवं भूमियों पर अवैध कब्जे की शिकायत और प्रार्थना पत्र देने के बाद भी न तो कब्जा हटाया जाता है और न ही प्रभावी कार्रवाई की जाती है। ऐसे मामलों में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की गई।

12 नवंबर से आंदोलन की चेतावनी

अधिवक्ताओं ने उपजिलाधिकारी से सभी छह सूत्रीय मांगों पर गंभीरता से संज्ञान लेते हुए समस्याओं का शीघ्र समाधान कराने की मांग की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि 12 नवंबर 2026 तक समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो अधिवक्ता धरना-प्रदर्शन सहित आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।

ज्ञापन प्रमुख सचिव, राजस्व विभाग उत्तर प्रदेश शासन, अध्यक्ष राजस्व परिषद, मंडलायुक्त वाराणसी मंडल तथा जिलाधिकारी चंदौली को संबोधित किया गया है।

इस दौरान बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष नितिन कुमार तिवारी, महामंत्री रामराज सिंह यादव, पूर्व महामंत्री पंकज कुमार सिंह, सुभाष सिंह, सुरेंद्रकांत मिश्रा, पिंटू यादव, सारंग सहित बड़ी संख्या मे अधिवक्ता मौजूद रहे।

spot_img
रजनी कांत पाण्डेय
रजनी कांत पाण्डेय
मैं रजनीकांत पाण्डेय पिछले कई वर्षो से पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ा हूँ इस दौरान कई राष्ट्रिय हिंदी दैनिक समाचार पत्रों में कार्य करने के उपरान्त ख़बरों के डिजिटल माध्यम को चुना है,मेरा ख़ास उद्देश्य जन सरोकार की खबरों को प्रमुखता से उठाना है एवं न्याय दिलाना है जिसमे आपका सहयोग प्रार्थनीय है.
लेटेस्ट पोस्ट

Chandauli news- 30 सूत्रीय मांगों को लेकर सकलडीहा पीजी कॉलेज के शिक्षकों ने बांधी काली पट्टी, दूसरे दिन भी जारी रहा विरोध

पुरानी पेंशन बहाली और सेवानिवृत्ति आयु 65 वर्ष करने समेत लंबित मांगों को लेकर शिक्षकों ने जताया विरोध परिवर्तन टूडे...

ख़बरें यह भी

error: Content is protected !!
Enable Notifications OK No thanks