कक्षाओं में पहुंचकर विद्यार्थियों से किया संवाद, छात्राओं की सुरक्षा और विद्यालय की व्यवस्थाओं को लेकर दिए कड़े निर्देश
परिवर्तन टुडे न्यूज, चन्दौली
सकलडीहा। जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग एवं पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने गुरुवार को संयुक्त रूप से कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय धरहरा तथा प्राथमिक विद्यालय धरहरा का औचक निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने विद्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लेने के साथ ही कक्षाओं में पहुंचकर विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया और पाठ्यक्रम से संबंधित प्रश्न पूछकर उनके शैक्षणिक स्तर एवं बौद्धिक क्षमता को परखा।

विद्यार्थियों से संवाद कर बढ़ाया उत्साह
निरीक्षण के दौरान विद्यार्थियों ने भी अधिकारियों से उत्साहपूर्वक संवाद किया। बच्चों ने डॉक्टर, आईएएस, आईपीएस तथा सेना में भर्ती होकर आमजन की सेवा करने के तरीकों के संबंध में अधिकारियों से प्रश्न पूछे। जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने बच्चों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उन्हें लक्ष्य निर्धारित कर मन लगाकर पढ़ाई करने तथा भविष्य में समाज और देश की सेवा के लिए आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
छात्रावास और रसोईघर की व्यवस्थाएं परखीं
जिलाधिकारी ने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के छात्रावास का निरीक्षण करते हुए साफ-सफाई, शयन कक्ष, पेयजल तथा शौचालयों की स्थिति देखी। इसके बाद उन्होंने रसोईघर में पहुंचकर भोजन की गुणवत्ता की जांच की तथा निर्धारित मीनू के अनुसार ही भोजन तैयार कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने शिक्षकों को स्पष्ट निर्देश दिया कि शिक्षा की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्राथमिक स्तर पर बच्चों की शैक्षणिक नींव मजबूत करना जिला प्रशासन की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है।
शिक्षा की गुणवत्ता और स्वच्छता पर विशेष जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि मिड-डे मील में निर्धारित मानकों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए। विद्यालय परिसर में स्वच्छता, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की समुचित व्यवस्था बनी रहनी चाहिए। शिक्षक केवल उपस्थिति दर्ज कराने तक सीमित न रहें, बल्कि नवीन शिक्षण पद्धतियों का प्रयोग करते हुए बच्चों के बौद्धिक विकास पर विशेष ध्यान दें।
बालिकाओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में बालिकाओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। उन्होंने विद्यालय परिसर और आसपास के क्षेत्रों में नियमित पुलिस गश्त सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने छात्राओं को अपनी सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने तथा किसी भी आपात स्थिति में सहायता के लिए 112 एवं 1090 जैसी हेल्पलाइन सेवाओं का उपयोग करने के लिए प्रेरित किया। विद्यालय प्रशासन को निर्देश दिया गया कि सुरक्षा से संबंधित सभी उपकरण सदैव कार्यशील रहें और बिना अनुमति किसी भी बाहरी व्यक्ति का विद्यालय परिसर में प्रवेश न हो।
नियमित औचक निरीक्षण के निर्देश
निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सचिन कुमार को निर्देशित किया कि वह स्वयं तथा खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से क्षेत्र के विद्यालयों की नियमित रूप से औचक निगरानी कराएं। निरीक्षण के दौरान सामने आने वाली कमियों को तत्काल दूर कराया जाए तथा उनकी प्रगति रिपोर्ट जिला प्रशासन को उपलब्ध कराई जाए।
जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक के संयुक्त निरीक्षण से विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता, स्वच्छता, भोजन व्यवस्था और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों एवं कर्मचारियों में भी सक्रियता बढ़ी।


