चंदौली मुख्यालय से गोधना मोड़ तक चला संयुक्त बचाव एवं जनजागरण अभियान, प्रतिष्ठान संचालकों को दी गई कड़ी चेतावनी
परिवर्तन टुडे न्यूज
चंदौली। जिलाधिकारी चन्द्र मोहन गर्ग के निर्देशन में वर्ष 2026 तक आकांक्षी जनपद चंदौली को बाल श्रम मुक्त बनाने के उद्देश्य से शुक्रवार को चंदौली मुख्यालय से गोधना मोड़ तक विशेष संयुक्त बचाव एवं जनजागरण अभियान चलाया गया। श्रम विभाग के नेतृत्व में संचालित इस अभियान में मानव तस्करी निरोधक इकाई तथा स्वयंसेवी संस्थाओं की संयुक्त टीम ने विभिन्न प्रतिष्ठानों का सघन निरीक्षण किया। अभियान के दौरान पांच किशोर श्रमिकों को बाल श्रम से मुक्त कराया गया।

संयुक्त टीम ने राजमार्ग के किनारे स्थित होटल, ढाबे, दुकानें तथा अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का गहन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम के प्रावधानों का उल्लंघन पाए जाने पर पांच किशोरों को तत्काल श्रम कार्य से मुक्त कराया गया। इसके साथ ही उनके पुनर्वास तथा आवश्यक विधिक कार्रवाई की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई।
अभियान के दौरान प्रतिष्ठान संचालकों एवं व्यापारियों को बाल श्रम के दुष्परिणामों, बच्चों के शिक्षा के अधिकार तथा बाल एवं किशोर श्रम निषेध संबंधी कानूनों की विस्तृत जानकारी दी गई। जनजागरण के उद्देश्य से विभिन्न प्रतिष्ठानों पर बाल श्रम मुक्त अभियान से संबंधित जागरूकता पोस्टर एवं स्टीकर लगाए गए तथा भविष्य में किसी भी बच्चे अथवा किशोर से श्रम न कराने की अपील की गई।
जिला प्रशासन ने जनपदवासियों से भी अपील की है कि यदि कहीं किसी बच्चे अथवा किशोर से श्रम कराया जाता हुआ दिखाई दे तो इसकी सूचना तत्काल श्रम विभाग, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 अथवा आपातकालीन सेवा 112 पर दें, ताकि संबंधित के विरुद्ध त्वरित कार्रवाई की जा सके।
इस अभियान में श्रम प्रवर्तन अधिकारी पं. दीनदयाल उपाध्याय नगर पंकज सिंह, श्रम प्रवर्तन अधिकारी चंदौली चन्द्र प्रकाश, मानव तस्करी निरोधक इकाई के रामजी दुसिया एवं उनकी टीम, स्वयंसेवी संस्था के जिला बाल अधिकार सहयोगी राकेश कुमार यादव तथा गणेश ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि वर्ष 2026 तक चंदौली को पूर्णतः बाल श्रम मुक्त बनाने के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए ऐसे संयुक्त बचाव, निरीक्षण एवं जनजागरण अभियान निरंतर संचालित किए जाएंगे। साथ ही मुक्त कराए गए बच्चों के पुनर्वास, विद्यालयों में नामांकन तथा उनके परिवारों को विभिन्न शासकीय योजनाओं से जोड़ने की कार्यवाही भी लगातार जारी रहेगी।



